लड़का पैदा होगा या लड़की जानिए प्रेग्‍नेंसी मे मिलने वाले इन संकेतो से, predict baby's gender boy or girl

लड़का पैदा होगा या लड़की जानिए प्रेग्‍नेंसी मे मिलने वाले इन संकेतो से, predict baby's gender boy or girl

गर्भावस्था के दौरान माँ के गर्भ मे पल रहा बच्चा लड़का पैदा होगा या लड़की बिना अल्ट्रासाउंड कैसे पता करू? 

यदि आप भी अपने इस सवाल का जवाब जानना चाहतते है तो आज हम आप को बताएंगे की विज्ञान की एक रिसर्च के अनुसार ये पता चला हैं की कुछ आसन तरीकों और संकेतो से इस बात का 98.9% तक सही से अनुमान लगा पाना संभव है की आप के गर्भ मे पल रहा बच्चा लड़का है या लड़की! तो चलिए उन तरीकों और संकेतो को विस्तार से जान लेते है जिस की मदद से आप अपने घर पर ही ये पता कर सके तो चलिए शुरू करते है। 

संबंध के बाद गर्भ टहेरने का समय तय करता है लड़का होंगा या लड़की

अध्ययन मे पाया गया है की संबंध बनाने के बाद गर्भ टहेरने का जो समय है ये मुख्य भूमिका अदा करता है अगर संबंध बनाने के बाद महिला जल्दी गर्भवती हो जाती है तो लड़का पैदा होता है। अगर संबंध बनाने के बाद 2 दिन से अधिक समय बाद महिला गर्भवती होती है तो लड़की का जन्म होता है।

माँ के से शरीर से अलग-अलग तरह की गंध देते है लड़का या लड़की के संकेत

अध्ययन मे साफ तौर से पाया गया है की गर्भवती महिला के शरीर की गंध से इस बात का पता आसानी से लगाया जा सकता है अगर महिला के शरीर से गंध आती है तो लड़के के संकेत मिलते है अगर गंध ना हो तो लड़की के संकेत है, गर्भावस्था मे हर्मोंस मे होने वाले बदलाव के कारण ये सब होता है।

पेट का आकर बताता है लड़का होगा या लड़की

पेट का आकर अगर बड़ा हो और नीचे की तरफ झुका हुआ हो तो  ये इस बात के साफ संकेत है के आप लड़के को जन्म देने वाली है वही अगर पेट का आकर छोटा हो या फिर पेट का आकर बड़ा तो हो लेकिन नीचे की तरफ झुका हुआ ना हो तो लड़की पैदा होने के संकेत है

गर्भावस्था मे ज़्यादा भूख लगना लड़का पैदा होने के संकेत

शोधकर्ताओं ने ये पाया की जिन महिलाओ को अधिक प्रोटीन, कैल्शियम और मिनरलस की आवश्यकता थी उन्हें ज़्यादा भूख लगना खट्टा या तिखा खाने का मन करना ये लक्षण पाए गए साथ ही ये भी पता चला की भूख ज़्यादा लगना और तिखा खाने का मन करना लड़के के संकेत है।है।

ब्रेस्ट (स्तन) के आकार में बदलाव

गर्भावस्था के शुरू के 5 महीनों मे ही महिला के स्तन मे बदलाव होना या आकार बड़ा होने लगना साथ ही स्तन कड़क होना इस बात के संकेत है की लड़का होंगा वही शुरू के 5 महीनों मे स्तन मे कोई खास बदलाव ना होना स्तन कड़क ना होना लड़की पैदा होने के संकेत है।

चेहरे की चमक और खुशी भी है एक संकेत

अगर महिला के चेहरे की चमक पहले की तुलना मे अधिक हो जाए और महिला के सवभाव मे बदलाव देखने को मिले जैसे पहले की तुलना मे गुस्सा कम आना और महिला का अधिक खुश रहना लड़की के संकेत है वही महिला के शरीर और सर मे दर्द और छोटी छोटी बातों पे गुस्सा करना लड़के के संकेत है

माँ के पैर भी देते है संकेत

ज़्यादा समय माँ के पैरों का ठण्डा रहना या फिर पैरों पे पहले की तुलना मे अधिक बालों का उगना पैरों के नाखून जल्दी बड़े होना इस बात के संकेत है की पैदा होने वाला बच्चा लड़का है वही पैरों का गर्म रहना पैरों पर बाल समय से उगना इस बात के संकेत है की लड़की पैदा होंगी। 

महिलाओं को होने वाली मॉर्निंग सिकनेस

अध्ययन में पाया गया की प्रेग्‍नेंसी की पहली तिमाही मे हॉर्मोन्‍स में बदलाव के कारण सुबह उठते ही उबकारी आना जी मिचलाना जैसी समस्या होती है इसे ही मॉर्निंग सिकनेस कहा जाता है, ज़्यादा मॉर्निंग सिकनेस लड़की पैदा होने के संकेत देते है वही कम मॉर्निंग सिकनेस या सुबह उबकारी और मिचलहट का कम होना या ना होना लड़के के संकेत है। 

प्रेग्नेंसी मे वज़न का बढ़ना बता ता है लड़का होंगा या लड़की

प्रेग्नेंसी के शुरू की तिमाही यानी पहले 3 महीने मे माँ का वज़न 2 से 3 किलो बढ़ता है तो बेटा होंगा पहले 3 महीने मे 0 से 1 किलो वज़न बढ़ता है तो बेटी, अध्ययन मे पाया गया की बेटे की तुलना मे बेटी का वज़न कम होता है जिस के कारण माँ के वज़न मे भी ये फर्क देखने को मिलता है। 

प्रेग्नेंसी मे हिप और कूल्हों का बढ़ना 

इस अध्ययन में हिप और कूल्हों का बढ़ना मुख्य कारण बताया गया है वैसे तो शारीरिक संबंध बनाना के बाद महिलाओं के हॉर्मोन्स में बदलाव आते हैं लेकिन प्रेग्नेंसी मे हिप और कूल्हों का अधिक बढ़ना लड़की पैदा होने के संकेत देता है वही अगर प्रेग्नेंसी मे हिप और कुल्हे ना बढ़ने पर लड़के का संकेत होता है

प्रेग्नेंसी मे माँ का दिमाग भी देता है संकेत

प्रेग्नेंसी के बाद महिलाओं का दिमाग या तो पहले से ज़्यादा तेज़ हो जाता है या पहले से ज़्यादा सुस्त अगर माँ का दिमाग पहले की तुलना मे अधिक क्रियाशील हो जाता है तो लड़की होंगी| वही माँ का दिमाग न्यूरॉन्स व ब्रेन सेल्स का उत्पादन कम कर देता है और पहले की तुलना मे अधिक सुस्त हो जाता है तो लड़का

प्रेग्नेंसी मे महिला के पेशाब के रंग से भी पता चलता है लड़का होंगा या लड़की

अगर माँ के पेशाब का रंग चमकदार पीला पाया जाता है तो बच्चा लड़का पैदा होंगा आगर माँ के पेशाब का कलर हल्का सा पीला या नॉर्मल दिखाई दे तो इसका संकेत लड़की है लेकिन सिर्फ एक बार मे इस का अनुमान नही लगाया जा सकता क्यों की शरीर मे पानी की कमी से भी पेशाब का कलर बदल सकता है इसलिए जाँच से 1 घंटा पहले से ही बार बार पानी पीने के बाद पहली बार मे कलर  नोट ना करे जब दूसरी बार पेशाब करे तब कलर की जाँच करे 2 या 3 दिन तक रंग देख कर सही अनुमान लगा ले।
नोट:- सभी बातें विज्ञान की एक रिसर्च और वैज्ञानिको द्वारा किए गए पर्योग का अनुमान है जिस की पर्मणिकता हम नही कर सकते! इस पोस्ट का उद्देश लिंग जाँच या लिंग की जांच के लिए उकसाव बिल्कुल भी नही है लिंग जाँच कानूनी अपराध है। लिंग की जांच करवाने वाले और करने वाले दोनों के लिए सजा का प्रावधान है। #बेटी बचाओ. 
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